राजस्थान शिक्षा विभाग ने सावरकर की भूमिका पर किया बदलाव

0
175
loading...

शिक्षा विभाग की ओर से पाठ्यक्रम में वीर सावरकर की जीवनी के बारे में फिर से बदलाव किया है। शिक्षा विभाग के पाठ्यक्रम संबंधी बनाई गई कमेटी की ओर से यह बदलाव का प्रस्ताव शिक्षा विभाग को दिया गया है। इस मामले में शिक्षा मंत्री गोविंद डोटासरा का कहना है कि शिक्षा विभाग की कमेटी की ओर से यह प्रस्ताव दिया गया है और उन्होंने तत्कालीन भाजपा सरकार पर शिक्षा विभाग को प्रयोगशाला बनाने का आरोप लगाते हुए बताया कि तत्कालीन भाजपा सरकार ने आरएसएस के इशारे पर राजनीतिक हितों को साधने के लिए पाठ्यक्रम में बदलाव किए थे। 

गोविंद डोटासरा ने बताया कि शिक्षा विभाग की कमेटी बनाई थी जिसमें तत्कालीन सरकार की ओर से किए गए समावेश के लिए समीक्षा कमेटी बनाई थी, समीक्षा करने वाली कमेटी ने ही वीर सावरकर के संबंध में तथ्यों के आधार पर रिपोर्ट दिए जिसमें उन्होंने अंग्रेजी शासन से जेल की यातनाओं से निजात पाने के लिए माफीनामा की दरखास्त दी थी और यह तमाम तथ्य समीक्षा कमेटी ने तथ्यों के आधार पर ही प्रस्तुत किए हैं, नहीं बताया था कि इतिहास सही पढ़ाया जाना चाहिए उसके लिए कांग्रेस पूरी तरीके से ईमानदारी पूर्वक शिक्षा विभाग में समावेश कर बच्चों को सही इतिहास मिले वहीं समावेश किया जा रहा है। 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here