आज लॉकडाउन को 70 दिन हो चुके है लेकिन फिर भी अभी तक प्रवासी मजदूरो की समस्या को सरकार दूर नही कर सकी हैं विपक्ष का आरोप है सरकार अपनी जिम्मेदारी को समझना ही नही आती हैं विपक्ष का कहना सही भी है क्योकि बीजेपी के नेता लगातार प्रवासी मजदूरो पर गलत टिप्पणियां कर रहे है इन सबके बीच राहुल गांधी जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभा रहे है अब सवाल खडा होता है कि अगर राहुल आज प्रधानमंत्री होते क्या होता?
1).राहुल गांधी अगर भारत के प्रधानमंत्री होते जब 23 जनवरी को ही जब भारत में कोरोना का पहला मरीज़ आया था तो वो 30 जनवरी से ही कोरोना से निपटने की तैयारी शुरू कर देते क्योंकि वो भारत में एकमात्र नेता है जिन्होंने 30 जनवरी को सरकार को आगाह किया था कोरोना के खतरे से।
2).राहुल गांधी अगर भारत के प्रधानमंत्री होते तो भारत के 34 अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और बंदरगाहों पर कोरोना की जांचे शुरू हो जाती
3).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो “नमस्ते ट्रम्प” जैसे कार्यक्रम को रद्द कर दिया जाता।
4).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो फरवरी में 34 बड़े शहर जहाँ अंतरराष्ट्रीय उड़ाने आयी है उनको सील कर दिया जाता।
5).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो हवाई अड्डे के पास के होटलों को खाली कराकर उनको क्वारंटाइन सेंटर बना दिया जाता औऱ अंतरराष्ट्रीय उड़ानों से आये लोगो को तब तक भारत में मिलने नही दिया जाता जब तक वो नेगेटिव न होते।
6).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो अगर संपुर्ण लॉक डाउन करना होता तो होली से पहले होता क्योंकि होली पर ज्यादातर श्रमिक अपने घर चला जाता है।
7).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो श्रमिको के पलायन को रोकने के लिए वो हर गरीब,मध्यम वर्गीय व्यक्ति को 7500 रुपये प्रतिमाह देते जिस से भूख से शहरो से पलायन रुक जाता।
8).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो मनरेगा के बजट ज्यादा होता और 200 दिन काम मिलता ताकि गांव में पैसे की कमी न होती और ग्रामीण पलायन भी नही होता।
9).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो जनवरी से ही भारत में कोरोना की जांचे शुरू हो जाती और सारा चिकित्सीय साजो सामान तयार कर लिया जाता।
10).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो हमारी अर्थव्यवस्था को 400 लाख करोड़ का नुकसान न होता क्योंकि वो जो भी फैसले लेते सबसे मिलकर लेते।
11).राहुल गांधी अगर प्रधानमंत्री होते तो कोरोना के मरीज़ इतनी संख्या में नही होते।

































































