Saturday, August 15, 2026
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मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा के खिलाफ पेड न्यूज पर टली सुनवाई

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मध्य प्रदेश के बीजेपी सरकार में गृह मंत्री और दतिया के विधायक नरोत्तम मिश्रा के खिलाफ पेड न्यूज़ मामले में सुप्रीम कोर्ट में अंतिम सुनवाई फिर टल गई है. जिन जजों की बेंच में इस केस की सुनवाई होनी थी उनके उपलब्ध न होने के चलते सुनवाई फिर टल गई है.

अब एक-दो दिन में सुनवाई की नई तारीख तय होगी. इससे पहले बीते बुधवार को इस मामले की सुनवाई होनी थी लेकिन सुप्रीम कोर्ट में दूसरे देशों की बहस लंबी चलने के कारण सुनवाई टाल दी गई थी.

मामले में भारत निर्वाचन आयोग ने 23 जून 2017 को जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 10 ए के तहत 3 साल के लिए नरोत्तम मिश्रा को अयोग्य घोषित किया था. इस फैसले को लेकर नरोत्तम मिश्रा ने मध्य प्रदेश हाई कोर्ट में अपील की थी उसके बाद शिकायतकर्ता राजेंद्र भारती ने मध्य प्रदेश में राजनीतिक दबाव को आधार बनाते हुए सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले को उठाया था, जिस पर सर्वोच्च न्यायालय ने केस को मध्यप्रदेश हाईकोर्ट से दिल्ली हाईकोर्ट में स्थानांतरित करा दिया था.

इसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने 14 जुलाई 2017 को नरोत्तम मिश्रा की अपील को खारिज करते हुए निर्वाचन आयोग को आदेश को यथावत रखा था. बाद में नरोत्तम मिश्रा ने दिल्ली हाई कोर्ट की डबल बेंच में अपील की थी. इसमें सिंगल बेंच और निर्वाचन आयोग के खिलाफ आदेश पारित किया गया था. हाईकोर्ट की डबल बेंच के आदेश के बाद शिकायतकर्ता राजेंद्र भारतीय और भारत निर्वाचन आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में अलग-अलग अपील दायर की थी.

आपको बता दें कि 2008 के विधानसभा चुनाव में पेड न्यूज़ छपवाने को लेकर राजेंद्र भारती ने 2009 में निर्वाचन आयोग में शिकायत की थी. 8 साल तक निर्वाचन आयोग में सुनवाई चली. आयोग ने एक्सपर्ट कमेटी बनाई. इस कमेटी में 46 खबरों को पेड न्यूज की कैटेगरी में माना. 23 जून 2017 को आरटीआई एक्ट की धारा 10 A में नरोत्तम मिश्रा को 3 साल तक चुनाव लड़ने के लिए अयोग्य घोषित किया था.

दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस के संगठन को लेकर जो बोला है, क्या वह सही है?

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कांग्रेस के दिग्गज नेता और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने सीहोर में एक बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि हमें स्वीकार करने में कभी भी एतराज नहीं है कि हमारी कांग्रेस पार्टी का संगठन जैसा होना चाहिए, वैसा नहीं है. हमारा जो इलेक्शन मैनेजमेंट है पोलिंग के दिन उसमें भी भारी कमी रहती है. उस प्रकार की तैयारी हमारी नहीं रहती जैसी होनी चाहिए.

उन्होंने आगे कहा है कि जनता हमें वोट देना चाहती है, लेकिन हमारे संगठन की कमी की वजह से पूरा नहीं कर पाते हैं. इसलिए कमलनाथ जी ने पूरे प्रदेश की विधानसभा सीटों को सही तरीके से सेक्टर-मंडल में बांटा है. विधानसभा क्षेत्र की हारी हुई सीटों पर प्रदेश भर में दौरा कर रिपोर्ट तैयार कर कमलनाथ को सौंपी जाएगी.

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह बुधवार को सीहोर में थे. उन्होंने मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि मध्यप्रदेश में 2018 में हुए चुनाव में कांग्रेस की सरकार बन गई थी, लेकिन कुछ लोग बिक गए. जो गरीब विधायक थे वे नहीं बिके. लेकिन जो राजा महाराजा टाइप के लोग थे वह बिक गए, जिसके कारण सरकार चली गई.

दिग्विजय सिंह ने कहा कि, अगर कांग्रेस पार्टी के सभी लोग एकजुट होते तो किसानों का कर्जा माफ हो जाता, बिजली की दरें भी नहीं बढ़ती. इस बार फिर से जनता परिवर्तन चाहती है. इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार मध्यप्रदेश में बनेगी.

दिग्विजय सिंह ने बताया कि जिन विधानसभा क्षेत्रों में कांग्रेस को लगातार पराजय मिल रही है उन विधानसभा क्षेत्रों में जाकर वह स्वयं कार्यकर्ताओं की बात सुन रहे हैं. कांग्रेस के कार्यकर्ता पूरी तरह एकजुट है और चुनाव के लिए जमीनी स्तर पर कार्य कर रहे हैं. उन्होंने स्वीकार किया कि मतदान के दिन कांग्रेस इतनी मेहनत नहीं कर पाती जितनी करनी चाहिए. लेकिन इस बार पूरी मेहनत की जाएगी.

आपको बता दें कि मध्य प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस की तैयारियां जोरों पर हैं. कमलनाथ और दिग्विजय दोनों एकजुट होकर विधानसभा चुनाव की तैयारियों में लगे हुए हैं और दोनों ही नेता दावे कर रहे हैं कि वह इस बार मध्यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनाने में कामयाब होंगे. दिग्विजय सिंह ने तो यहां तक कह दिया है कि कमलनाथ ही होंगे कांग्रेस की तरफ से मुख्यमंत्री उम्मीदवार.

आपको बता दें कि इससे पहले के विधानसभा चुनावों में कांग्रेस में गुटबाजी चरम पर दिखाई देती थी मध्यप्रदेश में. लेकिन इस बार ज्योतिरादित्य सिंधिया कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में जा चुके है और कांग्रेस पूरी तरीके से एकजुट दिखाई दे रही है. कांग्रेस में इस बार गुटबाजी का नामोनिशान मध्यप्रदेश में नहीं दिखाई दे रहा है. इसका लाभ निश्चित तौर पर विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को मिल सकता है.

क्या राहुल गांधी और प्रियंका गांधी का यह कदम मध्यप्रदेश में बाजी पलट सकता है?

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मध्य प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस बड़ी तैयारियों की रूपरेखा तैयार कर रही है. इसी कड़ी में चुनाव से पहले कांग्रेस नए वचनों के साथ जनता के बीच जाएगी. इसका खाका कांग्रेस पार्टी ने तैयार कर लिया है. कमलनाथ के निवास पर हुई वचन पत्र समिति की बैठक में वचन पत्र के बिंदुओं को तय किया गया.

वचन पत्र समिति की एक और आखिरी बैठक के बाद इस ड्राफ्ट को मंजूरी दे दी जाएगी. कमलनाथ की अब तक की गई घोषणाओं को वचन पत्र में शामिल किया गया है. किसान कर्ज माफी योजना को दोबारा शुरू किया जाएगा. गौरतलब है कि राहुल गांधी भी किसानों की कर्ज माफी की बात करते रहे हैं.

कांग्रेस कर्नाटक चुनाव के बाद मध्य प्रदेश के विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी का घोषणा पत्र जारी करेगी. मध्य प्रदेश कांग्रेस लॉन्चिंग के लिए राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को न्योता भेजने की तैयारी में है. आपको बता दें कि वचन पत्र में हर वर्ग को कुछ ना कुछ दिया गया है.

कांग्रेस पार्टी इस बार हर वर्ग को साधने के लिए वचन पत्र तैयार कर रही है. इसमें सभी 230 विधानसभा सीटों को प्रभावित करने वाले बिंदु होंगे. कांग्रेस पुराने वचनों को पूरा करने के साथ ही नए वचन देने की तैयारी में है. लेकिन कांग्रेस के वचन पत्र को लेकर प्रदेश में सियासी आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी शुरू हो गया है. बीजेपी ने कांग्रेस के वचन पत्र को छलावा बताया है.

देखना यह भी दिलचस्प होगा कि वचन पत्र लॉन्चिंग कार्यक्रम में जब राहुल गांधी और प्रियंका गांधी शिरकत करेंगे उस वक्त पूर्व कांग्रेसी और मौजूदा बीजेपी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया की क्या प्रतिक्रिया रहती है. बता दें कि सिंधिया के कारण ही मध्यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार चली गई थी. सिंधिया राहुल के करीबी नेताओं में गिने जाते थे. ऐसे में राहुल गांधी के लिए भी मध्य प्रदेश जीतना काफी जरूरी होगा और यह प्रदेश उनकी प्राथमिकताओं में भी शामिल होगा.

‘जो चप्पल उठाने की औकात नहीं रखते थे, वे आज…’ यह क्या बोल गए वरुण गांधी?

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पीलीभीत से बीजेपी के सांसद वरुण गांधी ने राजनीति में भ्रष्टाचार का जिक्र करते हुए सोमवार को बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि जो हमारे चप्पल उठाने की औकात नहीं रखते थे वे आज 5-5 गाड़ियों के काफिले में चल रहे हैं. वरुण ने अपने संसदीय निर्वाचन क्षेत्र पीलीभीत के ललौरीखेड़ा ब्लॉक क्षेत्र में हुए जनसंवाद कार्यक्रम में राजनीति में भ्रष्टाचार की तरफ इशारा करते हुए किसी का नाम लिए बगैर जबरदस्त हमला बोला.

उन्होंने कहा कि, जो हमारे चप्पल उठाने की औकात नहीं रखते थे वह आज 5-5 गाड़ियों के काफिले में चल रहे हैं, है कि नहीं?

वरुण गांधी ने कहा कि जो लोग चुनाव के पहले और उसके बाद कालोनियां बनाते थे, वह अब पांच पांच गाड़ियों के काफिले में चल रहे हैं. वरुण का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. इसके तरह-तरह के अर्थ निकाले जा रहे हैं.

बीजेपी सांसद ने भ्रष्टाचार को लेकर अपनी पार्टी की सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा है कि आज आप जब थाने जाते हैं तो रिश्वत देनी पड़ती है. पेंशन, कमरा, आवास लेने के लिए पैसे देने पड़ते हैं. यह जो पाप है, यह जो भ्रष्टाचार का समय चल रहा है, आपको क्या लगता है कि यह आपकी गलतियों की वजह से नहीं हो रहा है?

वरुण गांधी ने कहा है कि जब भी चुनाव आता है तो लोग जाति-धर्म के आधार पर वोट देते हैं. लोग यह नहीं सोचते कि किसी अच्छे इंसान को जिताए. लोग यह नहीं सोचते कि कट्टर इमानदार को जिताएं. लोग यह सोचते हैं कि यह प्रत्याशी सहधर्मी है, इसलिए इसके साथ चले जाओ.

आपको बता दें कि वरुण गांधी पिछले कुछ सालों से अपनी ही बीजेपी की केंद्र सरकार तथा उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर हमलावर दिखाई दिए हैं. अलग-अलग मुद्दों पर वह अपनी ही सरकार के खिलाफ हल्ला बोल करते हुए नजर आए हैं. हालांकि अभी भी वह बीजेपी में बने हुए हैं और बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व की तरफ से उनके ऊपर कोई एक्शन नहीं लिया गया है.

आपको बता दें कि पिछले दिनों चर्चा थी कि वरुण गांधी कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं. मीडिया में यह भी खबरें थी कि प्रियंका गांधी का इसमें अहम रोल हो सकता है, लेकिन मीडिया से बातचीत में राहुल गांधी ने साफ कर दिया था कि वरुण गांधी की विचारधारा अलग है और इसके साथ ही यह मान लिया गया था कि राहुल ने वरुण गांधी के कांग्रेस में आने वाले रास्ते को बंद कर दिया है. हालांकि राजनीति में सब कुछ संभव है. वरुण आने वाले कुछ सालों में किस पार्टी में होंगे, अभी से कहना जल्दबाजी होगी.

भारत जोड़ो यात्रा के नतीजे को लेकर जयराम रमेश का बड़ा बयान !

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री जयराम रमेश ने बृहस्पतिवार को कहा कि भारत जोड़ो यात्रा विपक्ष की एकता के लिए नहीं निकाली गई है, लेकिन विपक्षी एकता इस यात्रा के नतीजे के रूप में सामने आ सकती है.

भारत जोड़ो यात्रा के दौरान शामली के ऊंचागांव में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में रमेश ने समाजवादी पार्टी (सपा) के मुखिया अखिलेश यादव, बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की प्रमुख मायावती और राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) द्वारा यात्रा को समर्थन दिए जाने से जुड़े सवाल के जवाब में यह टिप्पणी की. उन्होंने कहा कि भारत जोड़ो यात्रा विपक्ष की एकता के लिए नहीं निकाली गई है, मगर विपक्ष की एकता इस यात्रा का एक नतीजा हो सकती है. रमेश ने यह भी कहा कि अगर कांग्रेस मजबूत होती है तो विपक्ष की एकता भी मजबूत होगी. एक कमजोर कांग्रेस विपक्ष की एकता को मजबूत नहीं कर सकती. ‘भारत जोड़ो यात्रा’ से कांग्रेस मजबूत होगी और अगर कांग्रेस मजबूत है तो विपक्ष की एकता भी मजबूत होगी.

उन्होंने कहा कि बुधवार को रालोद के कई कार्यकर्ता बागपत में ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में शामिल हुए. सपा और बसपा के नेताओं से भी शुभकामनाएं मिलीं. वह राहुल गांधी के साथ चल नहीं पाए. किन कारणों से, मैं नहीं जानता, मगर यह कहना कि इस यात्रा को विपक्ष का समर्थन नहीं मिला, यह बिल्कुल गलत है. इस यात्रा के प्रति और भी बहुत से लोगों ने समर्थन जताया है, जो साथ चल नहीं पाए.

‘भारत के टुकड़े करने वालों’ द्वारा ‘भारत जोड़ो यात्रा’ निकाले जाने के भाजपा नेताओं के आरोप पर रमेश ने कहा कि हमने तो पाकिस्तान के टुकड़े-टुकड़े किए हैं, हिंदुस्तान के नहीं. जो भारत के टुकड़े कर रहे हैं, वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लोग हैं. ये लोग भाषा के नाम पर, प्रांत के नाम पर, जाति और धर्म के नाम पर नफरत फैला रहे हैं, समाज को बांट रहे हैं. कांग्रेस ऐसा नहीं करती.

क्या ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के जरिये कांग्रेस को अगले लोकसभा चुनाव में सपा और बसपा का साथ मिल सकता है, इस सवाल पर रमेश ने कहा कि वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव की जो तैयारी करनी है, वह अभी शुरू नहीं हुई है. विपक्ष से जो बातचीत होनी चाहिए एक सकारात्मक कार्यक्रम बनाने की दिशा में, उसकी अभी शुरुआत नहीं हुई है. उससे पहले 2023 में नौ राज्यों में विधानसभा चुनाव हैं. इसके बाद ही 2024 में क्या होगा, उस पर सोच विचार होगा.

हम आगे बढ़ेंगे और एक मजबूत विपक्ष बनाएंगे:
हालांकि, कांग्रेस नेता ने कहा कि यह कह सकता हूं कि हमें विपक्षी पार्टियों से जो समर्थन मिला है, वह अच्छा और सकारात्मक संकेत है. मुझे यकीन है कि इसी भावना के साथ हम आगे बढ़ेंगे और एक मजबूत विपक्ष बनाएंगे.उन्होंने स्पष्ट किया, ‘सिर्फ मोदी विरोधी मंच बनाने से काम नहीं चलेगा. हमें जनता के सामने एक सकारात्मक साझा कार्यक्रम देना होगा कृषि के क्षेत्र में, उद्योग के क्षेत्र में, संविधान को और मजबूत करने के लिए उठाए जाने वाले कदमों के संदर्भ में, अभी बहुत कुछ काम करना बाकी है।

राहुल गांधी के साथ यात्रा में शामिल हुई शूटर दादी !

राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा उत्‍तर प्रदेश में प्रवेश कर चुकी है। कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा में अब तक कई नामी हस्तियां शामिल हो चुकी हैं। बुधवार को इस यात्रा में शामिल होने वालों में एक और बड़ा नाम जुड़ चुका है।

भारत जोड़ो यात्रा में आज कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने दुनिया की सबसे उम्रदराज़ शार्पशूटरों में से एक, प्रकाशी तोमर ने का स्वागत किया। ‘शूटर दादी’ के नाम से मशहूर प्रकाशी तोमर भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होन के लिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में पहुंची।

प्रकाशी तोमर उत्तर प्रदेश भातर जोड़ो यात्रा के पैदल मार्च में राहुल गांधी के साथ शामिल हुईं। दादी प्रकाशी तोमर ने ट्वीट करते हुए राहुल गांधी का स्‍वागत किया उन्‍होंने लिखा “राहुल गांधी जी की भारत जोड़ो यात्रा का हमारे बागपत में स्वागत है।”

वहीं कांग्रेस पार्टी ने ट्टीट कर शूटर दादी के भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होने पर खुशी जताते हुए लिखा “अपनी उम्र को मात देकर और पूरी दुनिया में अपनी प्रतिभा साबित कर बागपत की ‘शूटर दादी’ आज भारत जोड़ो यात्रा में शामिल हुईं। हम आपके जज्बे को सलाम करते हैं।”

कांग्रेस ने ट्टीट में लिखा उम्र को देखते हुए पूरी दुनिया में अपने हुनर का लोहा मनवा लिया बागपत की शूटर दादी जी ने आज भारत जोड़ो यात्रा में शिरकत की… आपके जज्बे को सलाम।

बता दें शूटर दादी के नाम से मशहूर प्रकाशी तोमर की भाभी चंद्रो तोमर का अप्रैल 2021 में 89 साल की उम्र में कोविड की वजह से निधन हो गया।चंद्रो तोमर ने 65 साल की उम्र में निशानेबाजी शुरू की और 30 से अधिक राष्ट्रीय चैंपियनशिप और अन्य प्रतियोगिताओं में जीत हासिल की। 2019 की बॉलीवुड फिल्म ‘सांड की आंख’ उन्‍हीं के जीवन पर आधारित है जिसमें एक्‍ट्रेस तापसी पन्नू और भूमि पेडनेकर ने मुख्‍य भूमिका निभाई है।

बता दें राहुल गांधी के नेतृत्व में भारत जोड़ो का पैदल मार्च नौ दिनों के ब्रेक के बाद कल दिल्ली में फिर से शुरू हुई़। यात्रा कल दिल्ली के कश्मीरी गेट और उत्तर प्रदेश के लोनी जिले से फिर शुरू हुई। हरियाणा, पंजाब में प्रवेश करने से पहले राहुल गांधी की ये भारत जोड़ो यात्रा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों को कवर करने के बाद अंत में जम्मू-कश्मीर पहुंचेगी और कन्याकुमारी में सितंबर माह में शुरू हुई इसभारत जोड़ो यात्रा का समापन कश्‍मीर में होगा।

तमिलनाडु में कांग्रेस के युवा विधायक की मौत, खड़गे और राहुल ने जताया शोक !

तमिलनाडु में इरोड पूर्व सीट से कांग्रेस विधायक और पूर्व केंद्रीय मंत्री ई. वी. के. एस. इलानगोवन के पुत्र ई. तिरूमहान इवेरा का लंबी बीमारी के बाद बुधवार को निधन हो गया। वह 46 वर्ष के थे। पार्टी ने यह जानकारी दी।

कांग्रेस नेता राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे, तमिलनाडु के राज्यपाल आर. एन. रवि, मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन और राज्य में विपक्ष के नेता एवं ऑल इंडिया अन्नाद्रमुक मुनेत्र कषगम (एआईएडीएमके) के अंतरिम प्रमुख के. पलानीस्वामी ने विधायक इवेरा के निधन पर शोक जताया।

इवेरा इरोड पूर्व से पहली बार विधायक निर्वाचित हुए थे। विधायक इवेरा तर्कवादी नेता ई. वी. रामास्वामी ‘पेरियार’ के प्रपौत्र थे। विधायक के परिवार में उनकी पत्नी और एक बेटी है।

कांग्रेस की एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि गांधी, खरगे और के. सी. वेणुगोपाल सहित वरिष्ठ नेताओं ने फोन पर बात कर इलानगोवन के साथ अपनी संवेदना व्यक्त की। रवि ने एक शोक संदेश में कहा कि एक युवा और ऊर्जावान नेता का असामयिक निधन उनके परिवार और दोस्तों के लिए अपूरणीय क्षति है।

उन्होंने कहा, ”दुख की इस घड़ी में मैं उनके शोक संतप्त परिवार के सदस्यों और उनके निर्वाचन क्षेत्र के लोगों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। मैं ईश्वर से उनकी आत्मा को शांति और उनके परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना करता हूं।”

तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी (टीएनसीसी) अध्यक्ष के. एस. अलागिरी ने अपने पार्टी सहयोगी के निधन पर शोक व्यक्त किया और कांग्रेस की राज्य इकाई के पूर्व प्रमुख इलानगोवन के साथ अपनी सहानुभूति व्यक्त की। एक शोक संदेश में अलागिरी ने इवेरा के निधन पर शोक और पीड़ा व्यक्त की और उन्हें एक प्रगतिशील युवा बताते हुए उनकी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि इवेरा का बीमारी के बाद निधन हो गया

अलागिरि ने कहा, ”महज 46 वर्ष की आयु में इवेरा का निधन कांग्रेस के लिए एक अपूरणीय क्षति है।” पीएमके के संस्थापक डॉ एस रामदास ने भी इवेरा के निधन पर शोक जताया है। मुख्यमंत्री स्टालिन ने युवा विधायक की मौत पर शोक व्यक्त किया और उनसे हाल में हुई मुलाकात को याद किया। उन्होंने कहा, ”मुझे उनका खुशमिजाज चेहरा हमेशा याद आएगा।” पार्टी ने कहा कि उनका अंतिम संस्कार बृहस्पतिवार को इरोड में होगा।

सोनिया गांधी रूटीन चेकअप के लिए दिल्ली के।गंगाराम अस्पताल में भर्ती !

समाचार एजेंसी पीटीआई ने बताया कि पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को बुधवार को दिल्ली के सर गंगा राम अस्पताल में भर्ती कराया गया. रिपोर्ट में कहा गया है कि उनकी बेटी और पार्टी की सबसे पुरानी महासचिव प्रियंका गांधी उनके साथ अस्पताल गईं। अच्छी बात यह है कि बताया जा रहा है कि 76 वर्षीय दिग्गज कांग्रेस नेता के लिए यह रूटीन चेकअप था।

पीटीआई की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि गांधी श्वसन संक्रमण से पीड़ित हैं. उन्होंने कहा कि सोनिया गांधी मंगलवार से अस्वस्थ हैं, यही वजह है कि उनके बेटे और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और प्रियंका पार्टी की चल रही ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में सात किलोमीटर पैदल चलकर दिल्ली लौट आए थे. यात्रा ने मंगलवार शाम को अपने उत्तर प्रदेश चरण में प्रवेश किया. भारत जोड़ो यात्रा आज सुबह 6 बजे यूपी के बागपत जिले के मवीकलां से वहां रात रुकने के बाद फिर से शुरू हुई।

कड़ाके की ठंड के बावजूद यात्रा के पूरे चरण के दौरान हरियाणा और दिल्ली में यात्रा के दौरान सफेद टी-शर्ट में नजर आने वाले राहुल को आज सुबह टहलते हुए देखा गया। इस बीच, यात्रा फिर से शुरू होने के बाद प्रियंका अपने भाई के साथ शामिल नहीं हुईं, लेकिन कांग्रेस सूत्रों ने पीटीआई-भाषा को बताया कि उनके दोपहर तक वापस आने की उम्मीद है।

सोनिया गांधी, जो पिछले साल कोविड -19 को अनुबंधित करने के बाद से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे थे, ने कुछ महीने पहले गर्दन की जांच के लिए विदेश यात्रा की थी। वह कर्नाटक के मांड्या में ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में भी शामिल हुईं और बाद में उन्हें दिल्ली में राहुल, प्रियंका और उनके पति रॉबर्ट वाड्रा के साथ देखा गया। यात्रा का दिल्ली चरण पहली बार था जब पूरा गांधी परिवार कांग्रेस के सबसे बड़े सार्वजनिक आउटरीच आंदोलन के लिए एक साथ आया था, जिसे सबसे पुरानी पार्टी ने कहा है कि इसका उद्देश्य देश को एक साथ लाना है।

राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास के बाद अब राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने भी की राहुल गांधी के यात्रा की तारीफ !

अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण करा रहे श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा है कि राहुल गांधी की भारत भारत जोड़ो यात्रा की तारीफ की जानी चाहिए। चंपत राय ने कहा कि एक युवा देश के लिए पैदल चल रहा है और वह उनके इस कदम की सराहना करते हैं।

बता दें कि चंपत राय अयोध्या में राम जन्मभूमि पर राम मंदिर के निर्माण के काम में जोर-शोर से जुटे हुए हैं। चंपत राय से पहले अयोध्या में स्थित राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ने भी भारत जोड़ो यात्रा के लिए राहुल गांधी को शुभकामनाएं दी थी।

आचार्य सत्येंद्र दास ने राहुल को पत्र लिखकर कहा था कि आपकी यात्रा मंगलमय हो, पूरी हो और जो लक्ष्य आप लेकर चल रहे हैं उसमें आपको सफलता मिले। बता दें कि 9 दिनों के ब्रेक के बाद भारत जोड़ो यात्रा मंगलवार को फिर से शुरू हुई है।

चंपत राय ने कहा कि भारत जोड़ो यात्रा में कुछ भी गलत नहीं है, वह आरएसएस के स्वयं सेवक हैं और आरएसएस ने कभी भी भारत जोड़ो यात्रा की निंदा नहीं की। चंपत राय ने कहा कि राहुल गांधी बेहद खराब मौसम में भी लगातार चल रहे हैं और इसकी सराहना की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि हम सभी को देश की यात्रा करनी चाहिए।

जबकि आचार्य सत्येंद्र दास ने पत्र में राहुल गांधी को संबोधित करते हुए लिखा था कि आप स्वस्थ रहें और दीर्घायु हों, आप देश के हित में जो भी कार्य कर रहे हैं, वही वास्तव में सर्वजन सुखाय और सर्वजन हिताय है। उन्होंने अपनी मंगलकामनाएं देते हुए राहुल गांधी को आशीर्वाद भी दिया था और कहा था कि भगवान राम की कृपा आपके ऊपर बनी रहे।

पहले राम मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास और अब राम जन्मभूमि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय का राहुल गांधी की तारीफ करना निश्चित रूप से एक बड़ी बात है। बताना होगा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण जोर शोर से चल रहा है और बीजेपी ने कहा है कि जनवरी 2024 तक अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण पूरा हो जाएगा।

आचार्य सत्येंद्र दास ने अपने पत्र में राहुल गांधी को आशीर्वाद देते हुए जय सियाराम भी लिखा है। याद दिलाना होगा कि पिछले महीने जब यह यात्रा मध्य प्रदेश में थी तो राहुल गांधी ने कहा था कि सीता और राम एक ही हैं इसलिए सही नारा है जय सियाराम-जय जय सीता राम।

उन्होंने कहा था कि बीजेपी और आरएसएस के लोगों को जय श्री राम के साथ ही जय सियाराम भी कहना चाहिए।

आने वाले दिनों में भारत जोड़ो यात्रा को पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा से होते हुए पंजाब में जाना है। इस यात्रा का समापन कश्मीर में होगा।

राहुल गांधी ने बीते कुछ सालों में सॉफ्ट हिंदुत्व पर आगे बढ़कर बीजेपी और आरएसएस को घेरने की कोशिश की है। राहुल ने भारत जोड़ो यात्रा के दौरान सभाओं और प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा है कि बीजेपी और आरएसएस देश में नफरत फैला रहे हैं और उनकी यात्रा का मकसद इस नफरत को खत्म करना है।

प्रियंका गांधी ने राहुल से कहा “मेरे बड़े भाई, सबसे ज्यादा गर्व तुम पर है”

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने मंगलवार को ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के उत्तर प्रदेश में दाखिल होने पर अपने बड़े भाई राहुल गांधी एवं अन्य ‘भारत यात्रियों’ का स्वागत किया और कहा कि राहुल ने सत्य का कवच पहन रखा है जिस वजह से भगवान उनकी ठंड और दूसरी सभी चीजों से सुरक्षा करेगा।

उन्होंने दो बड़े उद्योगपतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि राहुल गांधी को कोई खरीद नहीं सकता और वह सच्चाई से पीछे नहीं हटने वाले हैं। कांग्रेस की उत्तर प्रदेश मामलों की प्रभारी प्रियंका गांधी ने पार्टी कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे जगह-जगह ‘मोहब्बत की दुकान’ की फ्रेंचाइजी खोलें। उन्होंने राहुल गांधी की तरफ मुखातिब होते हुए कहा, ”मेरे बड़े भाई, सबसे ज्यादा गर्व तुम पर है। सत्ता की ओर से पूरा जोर लगाया गया, सरकार ने हजारों करोड़ रुपये खर्च किए, ताकि इनकी छवि खराब की जा सके। लेकिन वह सच्चाई से पीछे नहीं हटे। एजेंसियां लगाई गईं, लेकिन वह डरे नहीं। वह योद्धा हैं।”

प्रियंका गांधी ने दावा किया, ”अडाणी और अंबानी ने देश के बड़े से बड़े नेता खरीद लिए, पीएसयू खरीद लिए, मीडिया खरीद लिया, लेकिन मेरे भाई को खरीद नहीं पाए और कभी खरीद भी नहीं सकते।” उनका कहना था, ”किसी ने मुझसे कहा कि क्या आपके भाई को ठंड नहीं लगती क्योंकि वह केवल एक टी-शर्ट पहनकर चल रहे हैं। किसी ने कहा कि इन्हें ठंड से बचाओ, जैकेट तो पहनवाओ। किसी ने कहा कि अब कश्मीर जा रहे हैं, क्या उनकी सुरक्षा को लेकर डर नहीं लगता? मेरा जवाब यह है कि वह सत्य का कवच पहने हुए हैं। भगवान इनको सुरक्षित रखेगा। ‘

प्रियंका गांधी ने कहा, ”जब तक आप लोग इस देश के सत्य को पहचानेंगे तब तक भगवान इस देश की सच्चाई की रक्षा करेगा।” उनका कहना था, ”एकता में ही आपका विकास है। पूरे देश में एकता और सद्भावना का पैगाम ले जाइए।” उन्होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान किया, ”राहुल गांधी ने नफरत के बाजार में मोहब्बत की दुकान खोली है। मैं सबसे कहना चाहती हूं कि हर जगह मोहब्बत की दुकान की फ्रेंचाइजी खोलो। अगर यह दुकान नहीं खोलोगे तो नफरत की राजनीति बढ़ती रहेगी और आपकी समस्याओं का समाधान नहीं होगा, रोजगार नहीं मिलेगा, अर्थव्यवस्था आगे नहीं बढ़ पाएगी।”

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